रायगढ़ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को फोन कर OTP मांगने और उसे नहीं बताने पर नौकरी से निकालने की धमकी देने का मामला सामने आया है। आरोप है कि कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को कभी महिला एवं बाल विकास विभाग तो कभी जिला निर्वाचन कार्यालय से जुड़ा अधिकारी बताया। संदेह होने पर कार्यकर्ताओं ने OTP बताने से इनकार कर दिया। इसके बाद उन्हें नौकरी से हटाने की धमकी देकर दबाव बनाने की कोशिश की गई। मामले में 3 से 4 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने साइबर थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई है।
जानकारी के मुताबिक सोमवार को कई आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मोबाइल फोन पर 6207893617 नंबर से लगातार कॉल आए। कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को विभागीय अधिकारी बताते हुए कार्यकर्ताओं के मोबाइल पर आए OTP की जानकारी मांगी। उसने कथित तौर पर विभागीय काम का हवाला देते हुए OTP बताने के लिए कहा। हालांकि कार्यकर्ताओं को कॉल की सत्यता पर संदेह हुआ और उन्होंने OTP देने से साफ इनकार कर दिया।
आरोप है कि OTP नहीं बताने पर कॉल करने वाले ने कार्यकर्ताओं पर दबाव बनाने के लिए उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी दी। सरकारी विभाग के अधिकारी के नाम का इस्तेमाल कर धमकी दिए जाने के बाद कार्यकर्ताओं को कॉल के पीछे साइबर ठगी की आशंका हुई। इसके बाद उन्होंने मामले की जानकारी आंगनबाड़ी संघ की अध्यक्ष को दी।
कार्यकर्ताओं ने जब महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यालय से संपर्क कर पूरे मामले की पुष्टि की तो विभाग की ओर से स्पष्ट किया गया कि उसकी तरफ से इस तरह का कोई फोन नहीं किया गया है। विभाग से पुष्टि होने के बाद कार्यकर्ताओं को कॉल फर्जी होने का संदेह और मजबूत हुआ। इसके बाद उन्होंने साइबर थाने में पहुंचकर लिखित शिकायत दी।
शिकायत में कार्यकर्ताओं ने बताया कि कॉल करने वाला व्यक्ति विभागीय अधिकारी होने का दावा करते हुए मोबाइल पर आया OTP मांग रहा था। कार्यकर्ताओं को आशंका है कि OTP हासिल करने के बाद उनके बैंक खाते या अन्य डिजिटल सेवाओं से जुड़ी जानकारी का गलत इस्तेमाल कर आर्थिक ठगी की कोशिश की जा सकती थी। हालांकि शिकायत में फिलहाल किसी खाते से रकम निकाले जाने की जानकारी सामने नहीं आई है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने पुलिस से मोबाइल नंबर के धारक की पहचान करने और मामले में आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने इस तरह के फर्जी कॉल से अन्य आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और विभाग से जुड़े लोगों को सावधान करने की भी अपील की है।
आंगनबाड़ी संघ की अध्यक्ष अनिता नायक के मुताबिक 3 से 4 कार्यकर्ताओं के पास इस तरह के फोन कॉल आए थे। उन्होंने बताया कि कॉल करने वाला विभाग का नाम लेकर कार्यकर्ताओं को नौकरी जाने का डर दिखा रहा था और OTP बताने के लिए दबाव बना रहा था। संघ की ओर से इस संबंध में साइबर थाने में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की गई है।
इस घटना के बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के बीच भी फर्जी विभागीय कॉल को लेकर सतर्कता बढ़ गई है। किसी सरकारी विभाग के अधिकारी के नाम पर फोन आने और OTP, बैंक संबंधी जानकारी या अन्य गोपनीय डिजिटल जानकारी मांगे जाने की स्थिति में पहले संबंधित विभाग से इसकी पुष्टि करने की जरूरत सामने आई है।
पुलिस से शिकायत के बाद अब मामले में मोबाइल नंबर और कॉल करने वाले व्यक्ति की पहचान से जुड़े पहलुओं की जांच की जानी है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार कार्यकर्ताओं ने समय रहते OTP साझा नहीं किया, जिसके चलते किसी आर्थिक नुकसान की सूचना सामने नहीं आई है।

